भारत की डोमेस्टिक एयर टै्रफिक डिमांड जुलाई में साल-दर-साल 6.3 प्रतिशत घट गई, जिससे यह दुनियाभर के प्रमुख डोमेस्टिक एविएशन मार्केट्स में सबसे कमजोर प्रदर्शन करने वाला बाजार रहा। यह जानकारी इंटरनेशनल एयर ट्रांसपोर्ट एसोसिएशन (आईएटीए) के आंकड़ों के अनुसार है। इस गिरावट से जून में शुरू हुआ कमजोर रुझान आगे भी जारी रहा। इससे घरेलू हवाई यात्रा बाजार में कमजोरी बनी रहने का संकेत मिलता है, हालांकि एयरलाइंस ने यात्रियों की संख्या को लेकर अपेक्षाकृत मजबूत स्थिति बनाए रखी है। मांग में गिरावट से निपटने के लिए एयरलाइंस ने जुलाई में घरेलू सीट क्षमता में 6 प्रतिशत की कटौती की। क्षमता में इस कटौती से लोड फैक्टर पर असर सीमित रहा और यह 82.7 प्रतिशत पर बना रहा, जो साल-दर-साल केवल 0.2 प्रतिशत अंक कम है। घरेलू हवाई यात्रा में यह तेज गिरावट चीन में मजबूत रिकवरी के बिल्कुल विपरीत रही, जहां जुलाई में घरेलू यात्री मांग 5.3 प्रतिशत बढ़ी। भारत का घरेलू बाजार अन्य प्रमुख विमानन बाजारों की तुलना में भी कमजोर रहा। अमेरिका और ऑस्ट्रेलिया में मामूली गिरावट के साथ वहां प्रदर्शन अपेक्षाकृत बेहतर रहा। जुलाई के आंकड़े प्रमुख घरेलू विमानन बाजारों के प्रदर्शन में बढ़ते अंतर को दिखाते हैं। भारत के सामने दबाव बना हुआ है, हालांकि कुछ बाजारों में सुधार के संकेत भी दिखाई दे रहे हैं।