साउथ कोरिया का बेंचमार्क कोस्पी बुधवार को पहली बार 7 हजार के पार चला गया। एआई बूम के कारण सेमीकंडक्टर स्टॉक्स में रैली चल रही है। साउथ कोरिया सेमीकंडक्टर चिप का ग्लोबल गढ़ है। कोस्पी में चल रही रैली के कारण सैमसंग इलेक्ट्रॉनिक्स का मार्केट कैप 1 ट्रिलियन डॉलर को पार करते हुए गुरूवार को 1.14 ट्रिलियन डॉलर तक पहुंच गया। दुनियाभर में एआई हार्डवेयर की डिमांड बूम पर है और यह ग्लोबल इक्विटी मार्केट्स के लिए ग्रोथ ड्राइवर साबित हो रही है। अब तक ताईवान सेमीकंडक्टर मैन्युफैक्चरिंग कंपनी (टीएसएमसी) ही ट्रिलियन डॉलर क्लब में शामिल अकेली एशियाई कंपनी थी। लेकिन एआई चिप बूम पर सवार सैमसंग भी इसमें पहुंचने में कामयाब रही है। टीएसएमसी, एसके हाइनिक्स और टेनसेंट और सैमसंग आदि केवल चार एशियाई कंपनियों का मार्केट कैप 500 बिलियन डॉलर से ज्यादा है, और ये सभी टेक कंपनियां हैं। इस साल अब तक कोस्पी 75 परसेंट चढ़ चुका है। 2025 में इसने 76 परसेंट की छलांग लगाई थी। किवूम सिक्योरिटीज की एनेलिस्ट हान जी-यंग के अनुसार एक ओर ईरान वॉर, ऑइल प्राइस और बॉन्ड यील्ड के मुद्दे छाए हुए हैं लेकिन फिलाडेल्फिया सेमीकंडक्टर इंडेक्स और एएमडी शेयरों में तेजी कारण विदेशी फंड में सुधार हो रहा है। मिरेसे असैट सिक्योरिटीज के एनेलिस्ट सेओ सांग-यंग ने कहा, साउथ कोरिया का स्टॉक मार्केट प्रति शेयर कमाई (ईपीएस) के मामले में अंडरवैल्यूड है और लगभग नौ गुना पर ट्रेड कर रहा है। यदि एआई चिप्स की डिमंाड ऐसे ही बनी रहती है तो कोस्पी वर्ष के अंत तक 10 हजार के लेवल पर पहुंच सकता है। हालांकि महंगाई और ईरान वॉर के कारण डिमांड गिर जाती तो मार्केट गिरकर 4,500 अंक के लेवल पर आ सकता है। पिछले साल जून की शुरुआत में जब प्रेसिडेंट ली जे-मायुंग ने पद संभाला था कोस्पी केवल 2 हजार के लेवल पर जो ईरान वॉर शुरू होने से ठीक पहले फरवरी के अंत में 6 हजार की पीक लेवल पर पहुंच गया। सत्तारूढ़ डेमोक्रेटिक पार्टी के नेता जुंग चोंग-रे के अनुसार कोस्पी की छलांग साउथ कोरिया के कैपिटल मार्केट्स में विश्वास की वसूली के कारण है, जिसे कम करके आंका गया था।
