टैंक यानी ढहना या डूबना। चीन विशियस साइकल (दुश्चक्र) में फंस गया है। देश में करीब 8 करोड़ घर अधूरे बने हैं, या फिर बिक ही नहीं पाए हैं। जो बिक गए वे बैंक जब्त कर रहे हैं क्योंकि बायर किश्त ही नहीं चुका पा रहे। लेकिन बैंकों के सामने चैलेंज यह खड़ा हो गया है कि जब्त किए गए घरों को बायर ही नहीं मिल रहे। अब हालत यह है कि चीन के बैंक भारी-भरकम डिस्काउंट पर ही सही इनसे पीछा छुड़ाना चाहते हैं और नीलामी में बेचने की कोशिश कर रहे हैं। अपने पीक दौर यानी साल 2021 में चीन के जीडीपी में रियल एस्टेट और कंस्ट्रक्शन सैक्टर का कुल शेयर 31 परसेंट तक पहुंच गया था जो वर्ष 2025 में केवल 24 परसेंट गया है। रिपोर्ट्स के अनुुसार अंडर-डवलप्ड एरिया में घरों की कीमतों में भारी गिरावट आई है और इन इलाकों में बैंक बड़ी तादाद में प्रोपर्टी बेचने के लिए ऑक्शन कर रहे हैं। चीन के एक प्रोपर्टी लिस्टिंग पोर्टल के अनुसार सबसे ज्यादा वो प्रोपर्टी फंसी है जिन पर रूरल बैंकों ने लोन दिया था। मार्केेट एनेलिस्ट, बैंकर और रियल एस्टेट एजेंट्स के अनुसार, बैंक आमतौर पर 20-30 परसेंट का डिस्काउंट दे रहे हैं। प्रोपर्टी को एक दौर में बैंक हाई वेल्यू असैट मानकर गिरवी रख फाइनेंस देते थे लेकिन रियल एस्टेट मार्केट में कई बड़ा डवलपर्स के दिवालिया हो जाने और डिमांड धाराशायी हो जाने के कारण प्रोपर्टी प्राइस बहुत तेजी से गिरे हैं। यानी जिन असैट्स को बैंक हाई वेल्यू मानकर फंड कर रहे थे वे भयंकर डिस्काउंट पर आ चुके हैं। यानी बैंक गिरवी प्रोपर्टी के कारण क्राइसिस में आ रहे हैं। खासकर छोटे रूरल बैंक जिनके पास सीमित कैपिटल हैं बढ़ते एनपीए को घटाने के लिए डिस्काउंट पर प्रोपर्टी बेचने के लिए दौड़ लगा रहे हैं। लियाओनिंग प्रांत के एक रियल एस्टेट एजेंट लिउ यौकाई के अनुसार कीमतें बहुत कम हैं। बैंकों के पास जब्त प्रोपर्टी बहुत है। जो उसे डिस्काउंट में बेच रहे हैं। ऐसे में नए बायर भी नई प्रोपर्टी के बजाय ऑक्शन में प्रोपर्टी खरीद रहे हैं। वे कहते हैं एक बैंक ने 2 मिलियन युआन की प्रोपर्टी बेचने के लिए 1.35 मिलियन युआन की प्राइस मांगी लेकिन कोई बायर ही सामने नहीं आया। चीन के प्रोपर्टी मार्केट 2021 से शुरू हुई इस गिरावट को इतिहास में सबसे लंबी और गहरी गिरावट कहा जा रहा है। और चीन की इकोनॉमी के ग्रोथ के रास्ते पर आगे नहीं बढ़ पाने का एक बड़ा कारण प्रोपर्टी सैक्टर भी है। इसका कोई निकट भविष्य में सुधार का संकेत नहीं है। 2025 में औसत घर की कीमतें 2018 के लेवल तक गिर गईं। वहीं फ्लोर स्पेस के हिसाब से घरों की सेल्स 50 परसेंट गिरकर 2009 के स्तर पर लौट गई। रिपोर्ट के अनुसार वर्ष 2025 में चीन के बैंक ने कुल करीब 13.5 लाख घर ऑक्शन के लिए लिस्ट किए। ग्लोबल इंवेस्टमेंट बैंक यूबीएस का अनुमान है कि चीन के बैंकिंग क्षेत्र में में एनपीए बहुत तेजी से बढ़ेंगे। वर्ष 2025 में 6.40 लाख घर एनपीए हुए थे जो 2027 में इनकी संख्या बढक़र 24.3 लाख हो जाएगी। एसएंसपी ग्लोबल रेटिंग्स की डायरेक्टर तन मिंग के अनुसार बैंकों के पास अभी भी 37 लाख करोड़ युआन की मोर्टगेज प्रोपर्टी है जबकि बैंकों का कुल बिजनस लोन पोर्टफोलियो केवल 25 लाख करोड़ युआन का है। यूबीएस के एशिया प्रॉपर्टी रिसर्च प्रमुख जॉन लैम ने कहा कि प्रोपर्टी प्राइस में 2026 में लगभग 10 परसेंट और 2027 में 5 परसेंट की गिरावट और आएगी। पूरी इंडस्ट्री अभी ओवरसप्लाई पर बैठी है।