जिले की धान मंडियों में शुक्रवार को कारोबार पूरी तरह ठप रहा। किसानों और व्यापारियों ने संयुक्त रूप से विरोध प्रदर्शन करते हुए खरीद-बिक्री बंद रखी। मंडियों में पसरे सन्नाटे ने कृषि व्यवस्था की गंभीर चुनौतियों को उजागर कर दिया। गोलूवाला मंडी सहित जिले की कई मंडियों में पूरे दिन आवक होने के बावजूद खरीद प्रक्रिया नहीं चल सकी। जबकि पड़ौसी जिले श्रीगंगानगर में खरीद की प्रक्रिया सामान्य गति से चल रही है। इस आंदोलन का मुख्य कारण मंडियों में बारदाने की भारी कमी और गेहूं खरीद की सीमित व्यवस्था रही। किसानों का कहना है कि फसल तैयार होने और मंडियों में पहुंचने के बाद भी पर्याप्त बारदाना उपलब्ध नहीं होने से गेहूं की उठान अटक गई है। दूसरी ओर खरीद सीमा कम होने से सरकारी खरीद की रफ्तार धीमी पड़ गई है, जिससे किसानों को आर्थिक नुकसान की आशंका सता रही है। व्यापारियों ने भी स्थिति को चिंताजनक बताते हुए कहा कि खरीद प्रक्रिया बाधित होने से मंडी व्यवस्था प्रभावित हो रही है। यदि जल्द समाधान नहीं हुआ तो इसका असर आगामी दिनों में बाजार और किसानों दोनों पर पड़ेगा। प्रदर्शन के दौरान किसानों और व्यापारियों ने सरकार के खिलाफ नारेबाजी करते हुए प्रशासन से तत्काल हस्तक्षेप की मांग की। उनका कहना था कि बारदाना संकट और सीमित खरीद व्यवस्था के कारण किसानों की उपज मंडियों में फंस रही है, जिससे भंडारण और परिवहन संबंधी समस्याएं भी बढ़ती जा रही हैं। आंदोलनकारियों ने चेतावनी दी कि यदि जल्द पर्याप्त बारदाना उपलब्ध नहीं कराया गया और खरीद सीमा नहीं बढ़ाई गई तो आंदोलन को और व्यापक रूप दिया जाएगा। शुक्रवार को बंद के कारण मंडियों में पूरे दिन कारोबार प्रभावित रहा और खरीद-बिक्री पूरी तरह बंद रही। श्रीगंगानगर में एमएसपी पर गेहूं खरीद ने पकड़ी रफ्तार (श्रीगंगानगर) : न्यूनतम समर्थन मूल्य (एमएसपी) पर गेहूं खरीद के तहत श्रीगंगानगर जिले में खरीद प्रक्रिया लगातार तेज गति से जारी है। जिले की विभिन्न कृषि मंडियों में अब तक 44,45,920 क्विंटल गेहूं खरीद का लक्ष्य निर्धारित किया गया है, जिसके मुकाबले 50,26,412 बैग गेहूं का उठाव (लिफ्टिंग) किया जा चुका है। यह कुल लक्ष्य का लगभग 58.03 प्रतिशत है। कृषि विपणन विभाग के संयुक्त निदेशक महीपाल ने बताया कि श्रीगंगानगर में 5,43,910 क्विंटल लक्ष्य के विरुद्ध 7,66,092 बैग उठाव किया गया है, जो 70.93 प्रतिशत है। लालगढ़ गौण मंडी में 76.57 प्रतिशत तथा सूरतगढ़ मंडी में 46.23 प्रतिशत उठाव दर्ज किया गया है। रायसिंहनगर में 55.95 प्रतिशत, श्रीविजयनगर में 60.99 प्रतिशत और अनूपगढ़ में 40 प्रतिशत उठाव हुआ है। घड़साना में 62.79 प्रतिशत, सादुलशहर में 46.89 प्रतिशत और गजसिंहपुर में 64.77 प्रतिशत उठाव दर्ज किया गया। जिले में कुल 86,61,387 बारदाना वितरण के मुकाबले 50,26,412 बैग की लिफ्टिंग यह दर्शाती है कि खरीद कार्य के साथ-साथ भंडारण और परिवहन व्यवस्था भी लगातार सुचारू रूप से संचालित की जा रही है।