उत्तर प्रदेश के नोएडा अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे पर सोमवार यानी 15 जून से आधिकारिक तौर पर कमर्शियल उड़ानें शुरू हो गईं, जिससे उत्तरी भारत में एयर कनेक्टिविटी को महत्वपूर्ण बढ़ावा मिला है। कम लागत वाली एयरलाइन इंडिगो ने जेवर स्थित नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट (एनआईए) से उड़ान संचालन शुरू करने वाली पहली एयरलाइन बनकर इतिहास रच दिया है। एयरलाइन के अनुसार, पहली फ्लाइट लखनऊ से नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट पहुंची, जबकि इसके कुछ ही समय बाद पहली उड़ान बेंगलुरु के लिए रवाना हुई। इंडिगो अब इस नए एयरपोर्ट को देश भर के 16 से अधिक डेस्टीनेशंस से सीधे जोड़ेगी। इसके साथ ही अमृतसर-जोधपुर, बरेली-भोपाल, जयपुर और जोधपुर, धर्मशाला-जोधपुर, चंडीगढ़-बरेली, किशनगढ़ और पंतनगर, जम्मू-जोधपुर, जयपुर-धर्मशाला और पंतनगर, किशनगढ़-भोपाल तथा पंतनगर-जयपुर और जोधपुर जैसे 14 शहरों के बीच वन-स्टॉप कनेक्टिविटी भी उपलब्ध होगी। इन कनेक्शनों से टीयर-2 और टीयर-3 शहरों को बड़े महानगरों से बेहतर हवाई संपर्क मिलेगा, जिससे यात्रियों के लिए हवाई यात्रा और अधिक सुविधाजनक हो जाएगी। इंडिगो के चीफ स्ट्रैटेजी ऑफिसर ने कहा कि नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट का उद्घाटन भारत की एविएशन स्टोरी में एक नया अध्याय है। दिल्ली-एनसीआर अब दुनिया के उन चुनिंदा बड़े महानगरों में शामिल हो गया है, जहां एक से अधिक एयरपोर्ट सेवाएं दे रहे हैं। यमुना एक्सप्रेसवे के किनारे रणनीतिक रूप से स्थित नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट को क्षेत्र के लिए एक महत्वपूर्ण एविएशन और लॉजिस्टिक्स हब के रूप में विकसित किया जा रहा है, जो मौजूदा हवाई क्षमता को और मजबूत करेगा। नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट के वाइस चेयरमैन क्रिस्टोफ श्नेलमैन ने कहा कि इंडिगो की पहली उड़ानों का स्वागत करना हमारे लिए एक नए अध्याय की शुरुआत है। अधिकारियों के अनुसार, एयरपोर्ट का पहला चरण पूरा हो चुका है और इसमें सालाना लगभग 1.2 करोड़ पैसेंजर्स को हैंडल करने की क्षमता है। एयरपोर्ट के परिचालन ढांचे में एक रनवे, एकीकृत टर्मिनल भवन और एयर ट्रैफिक कंट्रोल टावर शामिल हैं।