ज्वैलरी मार्केट पर गौर करें तो ऑर्गेनाइज्ड ज्वैलरी रिटेलर्स अब मैंस, किड्स कलैक्शन पेश कर रहे हैं। डिजिटल फस्र्ट ब्राण्ड्स के बीच यह सेक्शन पापूलर था लेकिन अब ऑफलाइन रिटेल स्टोर्स पर भी वूमैन सेगमेंट के अलावा मैंस और किड्स ज्वैलरी पेश की जा रही है। टाइटन कम्पनी लिमिटेड ने ‘मिया बाय तनिष्क’ ब्राण्ड को फीमेल ज्वैलरी ब्राण्ड के तौर पर पोजीशन किया हुआ है लेकिन अब वह मैंस और किड्स फैशन ज्वैलरी लाइन भी पेश करने का विचार कर रही है। मिया बाय तनिष्क के एक अधिकारी ने कह है कि मैंस और किड्स रेंज की डिमांड आ रही है और इसलिये चालू वर्ष में ही यह विस्तार किया जा सकता है। इससे ज्वैलरी मार्केट में एक नया शिफ्ट देखने को मिल सकता है। यंग, फस्र्ट टाइम बायर्स के टेस्ट, गिफ्टिंग ट्रेंड्स को ध्यान में रखकर यह विस्तार किया जा सकता है। वर्ष 2024 में ग्लोबल मैंस ज्वैलरी मार्केट वैल्यूवाइज करीब 48.56 बिलियन डॉलर का रहा था और यह 2025 से 2034 के बीच 9.9 प्रतिशत सीएजीआर की दर से बढ़ सकता है। मिया बाय तनिष्क इस श्रेणी को 9-14 कैरेट गोल्ड में बना सकती है। यह लाइट व्हेट और डिजाइन बेस्ड ज्वैलरी होगी। इन्वेस्टमेंट ड्रिवन लाइन नहीं होगी। उनके अनुसार यंग गु्रप्स के लिये अफोर्डेबल, एवरीडे वियरेबल ज्वैलरी पेश की जा सकती है। यह ब्राण्ड वूमैन वर्कवियर को केटर करता है। मिया बाय तनिष्क 20-25 वर्ष की युवतियों के लिये सैल्फ एक्सपे्रशन एंड गिफ्टिंग ज्वैलरी पेश करती है। अब मैंस और किड्स लाइन पेश करने का विचार किया जा रहा है। ‘शाया बाय कैरेटलेन’ भी मैंस ज्वैलरी को लेकर संजीदा है। हाल ही में श्रेणी में प्रवेश लिया गया है। शाया बाय कैरेटलेन के एक अधिकारी ने कहा है कि गत वर्ष मैंस बे्रसलेट और चेन लाइन को बेहतर रेस्पांस मिला और अब वे चेन, रिंग, बे्रसलेट पर फोकस बढ़ा रहे हैं। हालांकि अभी सेगमेंट छोटा है लेकिन डिमांड अवश्य प्रदर्शित कर रहा है। ऐसे में ऑर्गेनाइज्ड प्लेयर्स श्रेणी में ज्यादा पेशकश करना चाह रहे हैं। कुछ रिटेलर्स ने डेडीकेटेड मैंस ज्वैलरी रेंज लांच की है। गौरतलब है कि आजकल बच्चों के लिये हल्की ज्वैलरी रेंज जिनमें चेन, पेंडल सैट, रिंग, इयररिंग शामिल हैं का के्रज बढ़ रहा है।