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18-05-2026

सेमीकंडक्टर GCC में हायरिंग हुई तेज

  •  भारत में सेमीकंडक्टर जीसीसी में भर्तियों में तेजी देखी गई है और ओपन रोल्स की संख्या पहली तिमाही (जनवरी से मार्च) में बढक़र 3,549 हो गई है। यह जानकारी एक रिपोर्ट में दी गई। करियरनेट की रिपोर्ट में कहा गया है कि छोटे पैमाने के जीसीसी की कुल सेंटर्स में 50 प्रतिशत हिस्सेदारी हैं और भर्ती प्रक्रिया में अग्रणी भूमिका निभा रहे हैं, जिनमें हैदराबाद बेंगलुरु के साथ-साथ एक उभरते हुए हब के रूप में सामने आया है। सेमीकंडक्टर डिजाइन जीसीसी भारत के कुल जीसीसी केंद्रों का लगभग 5 प्रतिशत हिस्सा हैं और यह पिछले दो दशकों में 7.2 प्रतिशत की दर से बढ़े हैं, जिनमें हाई स्किल वाले वीएलएसआई और सॉफ्टवेयर रोल की मांग अधिक है। रिपोर्ट में बताया गया कि पहली तिमाही में ओपन रोल्स की संख्या में लगातार बढ़ोतरी देखी गई। जनवरी में ओपन रोल्स की संख्या 2,426 थी और फरवरी में बढक़र यह 3,077 और मार्च में यह बढक़र 3,549 हो गई है। करियरनेट के चीफ बिजनेस ऑफिसर ने कहा कि कई वर्षों तक, भारत में सेमीकंडक्टर क्षेत्र में भर्ती का काम मुख्य रूप से कुछ बड़े जीसीसी द्वारा किया जाता था। लेकिन अब हम एक बदलाव देख रहे हैं और छोटे एवं मध्यम आकार के सेंटर मांग के स्थिर होने की प्रतीक्षा करने के बजाय अधिक सक्रिय रूप से आगे बढ़ रहे हैं और टीमें बना रहे हैं। आगे कहा हालांकि रणनीतिक निर्णय अभी भी अमेरिका में केंद्रित हैं, लेकिन क्रियान्वयन तेजी से जेएपीएसी और उसके भीतर भारत में स्थानांतरित हो रहा है। हैदराबाद और बेंगलुरु का उदय इस बदलाव को दर्शाता है, क्योंकि कंपनियां नए प्रतिभा केंद्रों में विस्तार कर रही हैं। भर्तियों में वीएलएसआई रोल की मांग 37-45 प्रतिशत थी, जबकि सिस्टम और एप्लिकेशन सॉफ्टवेयर की मांग 39-46 प्रतिशत थी।  व्यावसायिक संचालन और आईटी अवसंरचना पदों की भर्ती मांग 10 से 18 प्रतिशत थी।

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सेमीकंडक्टर GCC में हायरिंग हुई तेज

 भारत में सेमीकंडक्टर जीसीसी में भर्तियों में तेजी देखी गई है और ओपन रोल्स की संख्या पहली तिमाही (जनवरी से मार्च) में बढक़र 3,549 हो गई है। यह जानकारी एक रिपोर्ट में दी गई। करियरनेट की रिपोर्ट में कहा गया है कि छोटे पैमाने के जीसीसी की कुल सेंटर्स में 50 प्रतिशत हिस्सेदारी हैं और भर्ती प्रक्रिया में अग्रणी भूमिका निभा रहे हैं, जिनमें हैदराबाद बेंगलुरु के साथ-साथ एक उभरते हुए हब के रूप में सामने आया है। सेमीकंडक्टर डिजाइन जीसीसी भारत के कुल जीसीसी केंद्रों का लगभग 5 प्रतिशत हिस्सा हैं और यह पिछले दो दशकों में 7.2 प्रतिशत की दर से बढ़े हैं, जिनमें हाई स्किल वाले वीएलएसआई और सॉफ्टवेयर रोल की मांग अधिक है। रिपोर्ट में बताया गया कि पहली तिमाही में ओपन रोल्स की संख्या में लगातार बढ़ोतरी देखी गई। जनवरी में ओपन रोल्स की संख्या 2,426 थी और फरवरी में बढक़र यह 3,077 और मार्च में यह बढक़र 3,549 हो गई है। करियरनेट के चीफ बिजनेस ऑफिसर ने कहा कि कई वर्षों तक, भारत में सेमीकंडक्टर क्षेत्र में भर्ती का काम मुख्य रूप से कुछ बड़े जीसीसी द्वारा किया जाता था। लेकिन अब हम एक बदलाव देख रहे हैं और छोटे एवं मध्यम आकार के सेंटर मांग के स्थिर होने की प्रतीक्षा करने के बजाय अधिक सक्रिय रूप से आगे बढ़ रहे हैं और टीमें बना रहे हैं। आगे कहा हालांकि रणनीतिक निर्णय अभी भी अमेरिका में केंद्रित हैं, लेकिन क्रियान्वयन तेजी से जेएपीएसी और उसके भीतर भारत में स्थानांतरित हो रहा है। हैदराबाद और बेंगलुरु का उदय इस बदलाव को दर्शाता है, क्योंकि कंपनियां नए प्रतिभा केंद्रों में विस्तार कर रही हैं। भर्तियों में वीएलएसआई रोल की मांग 37-45 प्रतिशत थी, जबकि सिस्टम और एप्लिकेशन सॉफ्टवेयर की मांग 39-46 प्रतिशत थी।  व्यावसायिक संचालन और आईटी अवसंरचना पदों की भर्ती मांग 10 से 18 प्रतिशत थी।


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